सीएम योगी ने प्रवासी मजदूरों के खाते में ट्रांसफर किए 1000-1000 रुपये
लखनऊ। उत्तर प्रदेश सरकार ने शनिवार को 10 लाख से ज्यादा प्रवासी मजदूरों के खाते में 1000-1000 की राशि ट्रांसफर की। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने डायरेक्ट बैंक ट्रांसफर (DBT) के तहत 10 लाख 48 हजार 166 (10,48,166) लाभार्थियों को पैसा भेजा। इस योजना के तहत कुल 104 करोड़ 82 लाख रुपए आज ऑनलाइन ट्रांसफर किए गए।
कार्यक्रम के दौरान श्रम एवं सेवायोजन मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य और राजस्व एवं बाढ़ नियंत्रण राज्यमंत्री विजय कश्यप मौजूद रहे। इस दौरान सीएम योगी ने वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से कई मजदूरों से बातचीत भी की। सीएम ने उन्हें आश्वस्त किया कि क्वारेंटाइन पूरा करने के बाद उन्हें कार्य भी दिया जाएगा।
सीएम योगी ने कहा कि उत्तर प्रदेश में अब तक 35 लाख कामगारों और श्रमिकों को उनके घरों तक पहुंचाने और सुविधाएं उपलब्ध कराने का काम किया गया। लॉकडाउन शुरू होते ही रोज 12 से 15 लाख लोगों तक भोजन पहुंचाने की व्यवस्था की गई।
सीएम ने कहा कि इसी कड़ी में प्रदेश के 35 लाख प्रवासी कामगारों और श्रमिकों में राशन किट उपलब्ध कराने के साथ ही उन्हें 1000 रुपए भत्ता उपलब्ध कराने का कार्य हो रहा है। सीएम ने कहा कि पहले चरण में 10,48,166 प्रवासी मजदूरों को 1000 रुपए सीधे बैंक में ट्रांसफर किए जा रहे हैं। बाकी के भी जल्द से जल्द बैंक एकाउंट डिटेल जुटाने का काम हो रहा है।
सीएम ने कहा कि हमारे सामने बहुत बड़ी चुनौती थी। लेकिन टीम वर्क के परिणाम सामने आए हैं। सबसे ज्यादा प्रवासी मजदूर उत्तर प्रदेश में आए लेकिन कहीं भी असुविधा नहीं हुई। सीएम ने कहा हर विभाग ने अच्छा काम किया और उदाहरण प्रस्तुत किया। सुप्रीम कोर्ट ने सबसे ज्यादा चुनौती जिस राज्य के सामने थी, उसके बारे में अप्रत्यक्ष रूप से सराहना भी की है।
सीएम ने कहा हमारा दायित्व है कि सभी प्रवासियों को रोजी-रोटी से जोड़ सकें। इनकी स्किल मैपिंग का काम हो चुका है, जनपद स्तर पर मुस्तैदी के साथ रोजगार से जोड़ने का काम किया जा रहा है। जॉब कॉर्ड के अलावा स्किल के अनुसार जिला प्रशासन इनके रोजगार की व्यवस्था कर रहा है।
सीएम ने कहा कि कल ही हमने श्रमिक विद्या योजना को शुरू किया है। इससे पहले 18 जिलों श्रमिकों के बच्चों के लिए व्यापक कार्ययोजना श्रम विभाग ने बढ़ाई है। प्रदेश में हर हाथ को काम मिल सके श्रम विभाग इसकी तैयारी कर रहा है। इसके लिए एक आयोग के गठन की प्रक्रिया भी चल रही है।
