भारत-चीन तनाव: आज होगी कमांडरों की बैठक
नई दिल्ली। भारत और चीनी सेना के बीच पूर्वी लद्दाख में एक महीने से चल रहे कटु विवाद को समाप्त करने के लिए दोनों पक्षों के बीच वरिष्ठ सैन्य कमांडरों की बैठक शनिवार को होगी। भारतीय सेना के सूत्रों के मुताबिक यह बैठक शनिवार की सुबह चीन के मोल्डो में होगी।
मोल्डो में भारत और चीन के लेफ्टिनेंट जनरल रैंक के अधिकारी एक टेबल पर LAC पर जारी गतिरोध को लेकर बातचीत करेंगे। भारतीय दल का नेतृत्व लेफ्टिनेंट जनरल स्तर के अधिकारी करेंगे तो चीनी दल का नेतृत्व उनके समान स्तर के अधिकारी करेंगे।
बैठक में दोनों तरफ से ब्रिग्रेडियर स्तर के एरिया कमांडर भी मौजूद रहेंगे। कॉर्प कमांडर स्तर के अधिकारियों के बीच बातचीत पर दुनिया भर की निगाहें टिकी हैं। खासतौर से अमेरिका भी भारत और चीन के बीच जारी तनाव पर नजर बनाए हुए है।
मोल्डो, जहां बातचीत हो रही है, वह टकराव की जगह से करीब 20 किलोमीटर दूर है। इससे पहले भी भारत और चीन में डिविजनल कमांडर स्तर की बैठक हो चुकी है, जिसका कोई खास नतीजा नहीं निकला था। अब सबकी नजर इसपर रहेगी कि यह बैठक तनाव कम करने में कारगर साबित होगा या नहीं।
बताया जा रहा है कि भारतीय दल बातचीत में पैंगोंग त्सो, गलवान घाटी और डेमचोक में तनाव कम करने का ठोस प्रस्ताव रखेगा। इन्हीं तीन इलाकों में करीब एक माह से दोनों देशों के बीच तनाव बना हुआ है। गलवान में तो हालात बेहतर हुए हैं लेकिन पैंगोंग त्सो को लेकर तनाव अधिक है।
तनाव के बीच पीपुल्स लिबरेशन आर्मी की वेस्टर्न थियेटर कमांड की आधिकारिक वेबसाइट पर ये घोषणा की गई है कि चीन ने लेफ्टिनेंट जनरल शू किलिंग को नया कमांडर नियुक्त किया है। PLA की वेस्टर्न थियेटर कमांड 3488 किलोमीटर लंबी LAC पर नजर रखती है। बैठक से ठीक पहले चीन ने यह फैसला लिया है।
भारत और चीन के बीच पहली बार लेफ्टिनेंट जनरल स्तर की बात बातचीत होगी। मौजूदा विवाद में दोनों देशों के बीच अलग-अलग स्तर पर अब तक कम से कम 10 बार बातचीत हो चुकी है।लेकिन सब बेनतीजा रही। मई की शुरुआत में हुई झड़प के चलते दुनिया की दो सबसे बड़ी सेनाएं आमने-सामने आ गईं थीं।
चुशूल के उत्तर में 4 प्वाइंट्स पर दोनों सेनाओं के सैनिक खड़े हैं। चीन जहां हदें तोड़ने में कोई कसर नहीं छोड़ता है तो वहीं भारत हदें तोड़ने वाले को उसकी औकात दिखाने को प्रतिबद्ध है।
